कोरोना वायरस से घबराने की बजाय मुकाबला करने की जरूरत -उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट

Last Updated on March 17, 2020 by Shiv Nath Hari

कोरोना वायरस से घबराने की बजाय मुकाबला करने की जरूरत -उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट

  • कोरोना से घबराने की बजाय मुकाबला करने की जरूरत  -उपमुख्यमंत्री
  • सरकार एवं जनता मिलकर हासिल करेंगे कोरोना पर विजय
Need to fight instead of panic with Corona virus - Deputy Chief Minister Sachin Pilot
Need to fight instead of panic with Corona virus – Deputy Chief Minister Sachin Pilot

जयपुर 17 मार्च। उप मुख्यमंत्री श्री सचिन पायलट ने ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज विभाग के समस्त अधिकारियों को कोरोना वायरस के संक्रमण से बचाव के लिए अधिक से अधिक ग्रामीणाें को जागरूक करने के लिए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिये है। श्री पायलट ने मंगलवार को ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज विभाग के अधिकारियों के साथ कोरोना वायरस से उत्पन्न स्थिति के मध्यनजर उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक ली। 

श्री पायलट ने कहा कि सभी मुख्य कार्यकारी अधिकारियों एवं विकास अधिकारियों को पाबन्द करें कि आगामी दो सप्ताह तक कोरोना वायरस से बचने के लिए नरेगा योजना के समस्त श्रमिक एवं अन्य योजनाओं में कार्यरत अधिकारी एवं कर्मी ‘‘क्या करें, क्या न करें‘‘ के संबंध में एक रोडमैप तैयार करे। साथ ही ग्राम पंचायत स्तर तक के सभी अधिकारी एवं कर्मचारी व्यक्तिगत स्वच्छता हेतु बार-बार अनिवार्य रूप से साबुन से हाथ धोयें व अन्य लोगों को भी इस संबंध में जागरूक करें। उन्होंने ‘‘क्या करें, क्या न करें‘‘ के सम्बन्ध में पम्पलेट्स भी वितरित करवाने के निर्देश दियें।


उन्होंने कहा कि इसमें राजीविका के स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं की भागीदारी भी सुनिश्चित की जावें। साथ ही ग्राम स्तरीय स्वच्छता समितियों को भी क्रियाशील किया जावें। 


श्री पायलट ने कहा कि विभाग के अधिकारी व कर्मचारी जन प्रतिनिधियों व आमजन का सहयोग लेकर बचाव हेतु केन्द्र एवं राज्य सरकार द्वारा जारी एडवाइजरी की पालना सुनिश्चित करवायें। ग्रामीणों एवं समाज के लागों को कोरोना वायरस से बचने के उपायों का अधिक से अधिक प्रचार-प्रसार करें। उन्होंने नरेगा आयुक्त को निर्देशित किया कि कार्यस्थल पर उपलब्ध मेडिकल किट में साबुन रखने तथा कार्यरत समस्त श्रमिकों को कार्यस्थल पर पहुंचते ही, दोपहर के भोजन से पूर्व एवं कार्य समाप्ति के पश्चात् हाथ धुलवाने हेतु सभी मेटों को पाबन्द करें।


उन्होंने राजीविका, स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण), पंचायतीराज विभाग, बायोफ्यूल, प्राधिकरण, जल ग्रहण एवं भू-संरक्षण आयुक्तालय द्वारा समन्वित रूप से इस महामारी से आमजन को बचाने के लिए सभी एहतियाती कदम उठाने के निर्देश दिये। उन्होंने ब्लॉक स्तर पर विकास अधिकारियों, जिला स्तर पर मुख्य कार्यकारी अधिकारियों तथा प्रदेश स्तर पर अतिरिक्त मुख्य सचिव द्वारा नियमित रूप से इसकी समीक्षा एवं निगरानी करने के निर्देश दिये है।


बैठक में ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव श्री राजेश्वर सिंह, नरेगा आयुक्त श्री पी.सी. किशन, विशिष्ट शासन सचिव, पंचायती राज डॉ. आरूषी ए मलिक, विशिष्ट शासन सचिव, ग्रामीण विकास श्री के.सी. मीना, निदेशक राजीविका श्रीमती अरूणा राजोरिया, आयुक्त वाटर शैड श्री सीताराम बंजारा आदि अधिकारी उपस्थित रहें।